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राजस्थान: ड्रग्स माफिया पर बड़ा एक्शन, 50 लाख की अवैध संपत्ति फ्रीज, जमीन-ट्रैक्टर जब्ती की कार्रवाई

- Photo by : social media

राजस्थान  Published by: Bharat Bunkar , राजस्थान  Edited By: Kunal, Date: 27/04/2026 10:12:48 am Share:
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  • Edited By.: Kunal,
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  • 27/04/2026 10:12:48 am
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संक्षेप

राजस्थान: जिले में मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत गुलाबपुरा थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ड्रग्स माफिया की काली कमाई पर सीधा प्रहार किया है। पुलिस ने तस्करी से अर्जित करीब 50 लाख रुपये की चल-अचल संपत्ति को फ्रीज करने की कार्रवाई शुरू कर दी है।

विस्तार

राजस्थान: जिले में मादक पदार्थ तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत गुलाबपुरा थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ड्रग्स माफिया की काली कमाई पर सीधा प्रहार किया है। पुलिस ने तस्करी से अर्जित करीब 50 लाख रुपये की चल-अचल संपत्ति को फ्रीज करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेंद्र सिंह के निर्देश पर वृताधिकारी जितेंद्र सिंह के सुपरविजन में तथा थानाधिकारी संजय गुर्जर के नेतृत्व में की गई। पुलिस की वित्तीय जांच में सामने आया कि आरोपी लाभचंद उर्फ लाभू (39),  वल्द कन्हैया लाल धाकड़ निवासी उमर थाना बेंगू, जिला चित्तौड़गढ़, लंबे समय से अवैध मादक पदार्थों के कारोबार में लिप्त था और उसी काली कमाई से उसने संपत्ति अर्जित की। जांच के दौरान पुलिस ने आरोपी की पैतृक गांव में खरीदी गई जमीन और एक ट्रैक्टर को चिन्हित किया, जिनकी बाजार कीमत लगभग 50 लाख रुपये आंकी गई है। इन संपत्तियों को एनडीपीएस एक्ट की धारा 68-एफ के तहत फ्रीज करने की कार्रवाई की गई है। 

संबंधित दस्तावेज नई दिल्ली स्थित सक्षम प्राधिकरण (SAFEMA) को भेजे गए हैं और आरोपी को नोटिस जारी किया गया है।पहले से दर्ज हैं गंभीर मामले पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार आरोपी के खिलाफ पहले भी मादक पदार्थों के बड़े मामले दर्ज हैं। थाना आसींद में 22 क्विंटल 22 किलो अफीम डोडा चूरा और थाना रायसिंहनगर में 22 किलो 540 ग्राम अफीम बरामदगी के प्रकरण दर्ज हैं। इन मामलों ने आरोपी की तस्करी नेटवर्क में गहरी संलिप्तता को उजागर किया है। क्या है धारा 68-एफ एनडीपीएस एक्ट?: एनडीपीएस एक्ट की धारा 68-एफ के तहत ऐसी संपत्ति को जब्त या फ्रीज किया जा सकता है, जो मादक पदार्थों की तस्करी से अर्जित की गई हो या जिसे छुपाने, बेचने या स्थानांतरित करने की आशंका हो। इस प्रावधान का उद्देश्य अपराधियों की आर्थिक कमर तोड़ना है, ताकि वे अवैध धंधे को आगे न बढ़ा सकें।

आगे भी जारी रहेगा अभियान: पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि मादक पदार्थों के मामलों में केवल गिरफ्तारी ही नहीं, बल्कि अवैध कमाई से बनाई गई संपत्तियों पर भी लगातार कार्रवाई की जाएगी। जिले में ड्रग्स नेटवर्क को जड़ से खत्म करने के लिए ऐसे अभियान तेज किए जा रहे हैं। इस कार्रवाई को पुलिस की बड़ी सफलता माना जा रहा है, जिससे तस्करों में हड़कंप मच गया है और कानून का सख्त संदेश गया है कि अब अवैध कमाई सुरक्षित नहीं रहेगी।