Contact for Advertisement 9650503773


मध्य प्रदेश: नकली इनकम टैक्स अधिकारी बनकर 1.35 करोड़ की डकैती, 48 घंटे में पुलिस ने किया पर्दाफाश; 8 आरोपी गिरफ्तार

- Photo by : SOCIAL MEDIA

मध्य प्रदेश  Published by: Mujaffar Khan Shaikh , Date: 17/03/2026 12:45:56 pm Share:
  • मध्य प्रदेश
  • Published by: Mujaffar Khan Shaikh ,
  • Date:
  • 17/03/2026 12:45:56 pm
Share:

संक्षेप

मध्य प्रदेश: धार जिले के बाग थाना क्षेत्र में नकली इनकम टैक्स (Income Tax) अधिकारी बनकर दिनदहाड़े एक बड़ी डकैती को अंजाम देने वाले गिरोह का पुलिस ने महज 48 घंटों में पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने इसC

विस्तार

मध्य प्रदेश: धार जिले के बाग थाना क्षेत्र में नकली इनकम टैक्स (Income Tax) अधिकारी बनकर दिनदहाड़े एक बड़ी डकैती को अंजाम देने वाले गिरोह का पुलिस ने महज 48 घंटों में पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने इस मामले में मास्टरमाइंड सहित 8 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि 6 आरोपी अभी भी फरार हैं, जिनकी सरगर्मी से तलाश जारी है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटे गए सोने के आभूषण, नकदी और घटना में प्रयुक्त वाहनों सहित कुल 1 करोड़ 35 लाख 57 हजार रुपये का मशरूका बरामद किया है। यह थी घटना: दिनांक 13 मार्च 2026 की सुबह करीब 9:30 बजे बाग के ब्राह्मण मोहल्ला निवासी राजकुमार मालवीय के घर कुछ अज्ञात बदमाश पहुंचे। उन्होंने खुद को इनकम टैक्स अधिकारी बताया और फर्जी रेड डालकर घर वालों को बंधक बना लिया। इसके बाद बदमाश घर से सोने के भारी मात्रा में आभूषण और नकदी डकैती कर फरार हो गए। इस घटना से क्षेत्र में दहशत फैल गई थी। फरियादी की रिपोर्ट पर बाग थाने में धारा 310(2), 127(2) बीएनएस के तहत अपराध क्रमांक 86/2026 पंजीबद्ध कर विवेचना शुरू की गई थी।

ऐसे सुलझी गुत्थी, खण्डवा से जुड़ा तार: घटना की गंभीरता को देखते हुए आईजी (इंदौर) अनुराग, डीआईजी मनोज कुमार सिंह और धार एसपी मयंक अवस्थी के निर्देशन में पुलिस की कई टीमें गठित की गईं। जांच के दौरान पता चला कि ठीक ऐसी ही एक वारदात 12 मार्च को खण्डवा जिले के ग्राम पामाखेड़ी में भी हुई थी। पुलिस ने खण्डवा पुलिस से संपर्क कर घटना में इस्तेमाल काले रंग की स्कार्पियो के सीसीटीवी फुटेज प्राप्त किए और धार व खण्डवा पुलिस की संयुक्त टीमें बनाकर आरोपियों की तलाश शुरू की। रेकी करने वालों ने दी थी जानकारी: पुलिस जांच में सामने आया कि देवास निवासी नरसिंह बघेल (मूल निवासी डही) जो कि आपराधिक प्रवृत्ति का है, अक्सर बाग और मनावर आता-जाता था। उसकी दोस्ती मनावर निवासी दिनेश और बाग निवासी रमेश मोरी से थी। नरसिंह ने इन्हें अपना प्लान बताया कि वे नकली इनकम टैक्स या सीबीआई अधिकारी बनकर पैसे वालों के यहां रेड डालेंगे और डकैती करेंगे। डर के मारे पीड़ित पुलिस को नहीं बताएगा।
इसके बाद दिनेश ने अपने साथियों अय्यूब शाह और आबिद पेंटर के माध्यम से राजकुमार मालवीय के घर पैसा और सोना होने की जानकारी नरसिंह और शाजापुर निवासी दिलीप को दी। नरसिंह ने यह बात मास्टरमाइंड शहजाद खान को बताई, जिसके बाद पूरी प्लानिंग कर इस डकैती को अंजाम दिया गया।

पुलिस की नाकाबंदी और गाड़ी छोड़कर भागे: पुलिस की मुस्तैदी और जगह-जगह नाकाबंदी के कारण रेकी करने वाले स्थानीय गुर्गों ने डकैतों को पुलिस की सक्रियता की सूचना दे दी। डर के कारण आरोपी अपनी काले रंग की स्कार्पियो कार सुनसान जंगल में छोड़कर एक अन्य अर्टिगा कार से भाग निकले। लावारिस मिली स्कार्पियो की तलाशी में मिले दस्तावेजों के आधार पर पुलिस मास्टरमाइंड डॉ. शहजाद (बैरछा, शाजापुर) तक पहुंची। इसके बाद पुलिस टीमों ने संभावित ठिकानों पर दबिश देकर 8 आरोपियों को धर दबोचा। बरामद मशरूका (कुल 1,35,57,000 रुपये):  सोने के आभूषण: 95 लाख रुपये
स्कार्पियो एन कार: 25 लाख रुपये अर्टिगा कार: 15 लाख रुपये नकदी: लगभग 57 हजार रुपये गिरफ्तार किए गए 8 आरोपी: आबिद शाह (बाग, धार) अय्यूब शाह (मनावर, धार)
 दिनेश वास्केल (मनावर, धार)  दिलीप अहिरवार (मक्सी, शाजापुर) डॉ. शहजाद खान (बैरछा, शाजापुर)  रमेश मोरी (बाग, धार)  राजा उर्फ अब्दुल गफ्फार (सोनकच्छ, देवास)
नरसिंह बघेल (औद्योगिक क्षेत्र, देवास) फरार 6 आरोपी (जिनकी तलाश जारी है। 

 इकबाल खान (मालीखेड़ी, शाजापुर)  तन्मय उर्फ साहिल ठाकुर (बैरछा, शाजापुर)  मुरलीधर उर्फ आकाश उर्फ दादू (नानाखेड़ा, उज्जैन)  रंजीत (बैरछा, शाजापुर)  संजीव उर्फ संजय पंडित (जालौन, उत्तर प्रदेश) अब्दुल निसार खान (शाजापुर) इनकी रही सराहनीय भूमिका: इस पूरी कार्रवाई में एएसपी धार विजय डावर, सीएसपी सुजावल जग्गा, एसडीओपी कुक्षी सुनील गुप्ता के मार्गदर्शन में बाग थाना प्रभारी कैलाश चौहान, पीथमपुर टीआई सुनील शर्मा, टांडा टीआई संजय रावत, कुक्षी टीआई राजेश यादव, मनावर टीआई ईश्वरसिंह चौहान, राजगढ़ टीआई समीर पाटीदार, कोतवाली टीआई दीपक सिंह चौहान और सायबर सेल प्रभारी प्रशांत गुंजाल सहित शाजापुर और खण्डवा पुलिस की टीमों का विशेष योगदान रहा। पुलिस गिरफ्तार आरोपियों से कड़ी पूछताछ कर रही है, जिससे अन्य जिलों में हुई ऐसी ही वारदातों का भी खुलासा होने की संभावना है।