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 उत्तर प्रदेश: किसानों के मुद्दों पर सरकार से हुई उच्चस्तरीय वार्ता, भाकियू (भानु) ने गन्ना बकाया और बिजली व्यवस्था पर उठाए सवाल

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उत्तर प्रदेश  Published by: Mohammad Rehan , उत्तर प्रदेश  Edited By: Shubhi Shikha Nayal, Date: 05/08/2026 03:34:16 pm Share:
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  • Edited By.: Shubhi Shikha Nayal,
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  • 05/08/2026 03:34:16 pm
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संक्षेप

उत्तर प्रदेश: भारतीय किसान यूनियन (भानु) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर भानु प्रताप सिंह के नेतृत्व में संगठन के प्रतिनिधिमंडल ने किसानों के ज्वलंत मुद्दों को लेकर लखनऊ में प्रदेश सरकार के वरिष्ठ मंत्रियों से मुलाकात की।

विस्तार

उत्तर प्रदेश: भारतीय किसान यूनियन (भानु) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ठाकुर भानु प्रताप सिंह के नेतृत्व में संगठन के प्रतिनिधिमंडल ने किसानों के ज्वलंत मुद्दों को लेकर लखनऊ में प्रदेश सरकार के वरिष्ठ मंत्रियों से मुलाकात की। प्रतिनिधिमंडल में युवा प्रदेश अध्यक्ष ठाकुर अनुज सिंह, प्रदेश प्रभारी नितिन सिरोही, प्रदेश प्रवक्ता ज़ुबैर सिद्दीकी, प्रदेश सचिव इरशाद अहमद एवं अमान सहित अन्य पदाधिकारी शामिल रहे। प्रतिनिधिमंडल ने उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री, कृषि मंत्री और ऊर्जा मंत्री से अलग-अलग मुलाकात कर किसानों से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की तथा शीघ्र समाधान की मांग की। बैठक के दौरान बहेड़ी स्थित केसर शुगर मिल पर किसानों के ₹182.30 करोड़ गन्ना मूल्य बकाया का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। संगठन का कहना है कि 26 मई 2025 को गन्ना आयुक्त द्वारा वसूली प्रमाण-पत्र (आरसी) जारी किए जाने के बावजूद किसानों को अब तक भुगतान नहीं मिला है, जिससे हजारों किसान आर्थिक संकट का सामना कर रहे हैं।

भाकियू (भानु) ने सरकार से मांग की कि किसानों का लंबित गन्ना भुगतान जल्द से जल्द उनके खातों में कराया जाए, आरसी की प्रभावी वसूली सुनिश्चित की जाए तथा मामले में किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाए। संगठन ने मिल की संपत्तियों के कथित अनियमित विक्रय और अन्य आरोपों की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने की भी मांग रखी। ऊर्जा मंत्री के समक्ष प्रतिनिधिमंडल ने सकरस–मितापुर जागीर–बिजौरिया–जसाईनगर–ऐंठपुरा होते हुए अलीगंज तक खेतों और जंगल के बीच से गुजर रही 11 केवी विद्युत लाइन की जर्जर स्थिति का मुद्दा उठाया। संगठन का कहना है कि टूटे तारों और खराब विद्युत ढांचे के कारण किसानों की फसलें प्रभावित हो रही हैं तथा किसानों, मजदूरों और पशुओं के लिए दुर्घटना का खतरा बना रहता है।

भाकियू (भानु) ने मांग की कि जर्जर 11 केवी लाइन को खेतों से हटाकर सड़क किनारे स्थानांतरित किया जाए, पुराने तार और पोल बदले जाएं तथा बरसात के मौसम को देखते हुए प्राथमिकता के आधार पर सुधार कार्य कराया जाए ताकि किसानों को सुरक्षित और निर्बाध बिजली आपूर्ति मिल सके। युवा प्रदेश अध्यक्ष ठाकुर अनुज सिंह ने कहा कि संगठन किसानों के अधिकारों की रक्षा के लिए लगातार संघर्ष कर रहा है। वहीं प्रदेश प्रभारी नितिन सिरोही ने उम्मीद जताई कि सरकार किसानों की समस्याओं पर केवल आश्वासन नहीं, बल्कि ठोस और समयबद्ध कार्रवाई करेगी। उन्होंने कहा कि यदि मांगों का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो संगठन किसानों के हित में अपना आंदोलन और तेज करेगा।


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