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मध्य प्रदेश: धनपुरी-बुढ़ार में कथित नशे के कारोबार को लेकर उठे सवाल, कार्रवाई का इंतजार
- Photo by : social media
संक्षेप
मध्य प्रदेश: धनपुरी-बुढ़ार क्षेत्र में कथित रूप से चल रहे अवैध नशे के कारोबार को लेकर स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ती जा रही है।
विस्तार
मध्य प्रदेश: धनपुरी-बुढ़ार क्षेत्र में कथित रूप से चल रहे अवैध नशे के कारोबार को लेकर स्थानीय लोगों की चिंता बढ़ती जा रही है। नागरिकों का आरोप है कि क्षेत्र के कुछ हिस्सों में नशीले पदार्थों की कथित बिक्री और सप्लाई का कारोबार जारी है, जिससे युवाओं के भविष्य और सामाजिक माहौल पर प्रतिकूल असर पड़ने की आशंका है। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में Corex, गांजा और Nitrosun की कथित अवैध बिक्री को लेकर लंबे समय से चर्चाएं और शिकायतें सामने आती रही हैं। हालांकि इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। लोगों का सवाल है कि यदि ऐसी गतिविधियों की शिकायतें पुलिस और प्रशासन तक पहुंच रही हैं तो इनके स्रोत और जिम्मेदार लोगों की जांच कर कार्रवाई कब की जाएगी। नशे के बढ़ते कथित कारोबार को लेकर नागरिकों का कहना है कि युवा वर्ग इसकी चपेट में आ सकता है। इससे न केवल परिवार प्रभावित होते हैं, बल्कि क्षेत्र में अपराध और सामाजिक समस्याएं बढ़ने की आशंका भी बनी रहती है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि मामले को गंभीरता से लेते हुए संदिग्ध स्थानों पर निगरानी बढ़ाई जाए और शिकायतों की निष्पक्ष जांच कराई जाए। निष्पक्ष जांच की मांग मध्य प्रदेश में पुलिस और प्रशासन की ओर से मादक पदार्थों की तस्करी एवं अवैध कारोबार के खिलाफ समय-समय पर कार्रवाई की जाती रही है। ऐसे में धनपुरी-बुढ़ार के नागरिक भी चाहते हैं कि उनके क्षेत्र में सामने आ रहे कथित नशे के कारोबार की जांच प्रभावी तरीके से की जाए। स्थानीय लोगों ने वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों से मांग की है कि शिकायतों के आधार पर संदिग्ध स्थानों की जांच की जाए और यदि किसी व्यक्ति की संलिप्तता सामने आती है तो उसके खिलाफ कानून के तहत कार्रवाई की जाए। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि निर्दोष लोगों को किसी तरह की परेशानी न हो। जनता का सवाल आखिर कब होगी कार्रवाई धनपुरी-बुढ़ार में इस समय सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या कथित अवैध नशे के कारोबार पर जल्द शिकंजा कसेगा प्रशासन, या कार्रवाई के लिए किसी बड़ी घटना का इंतजार किया जाएगा? लोगों का कहना है कि नशे के खिलाफ कार्रवाई केवल छिटपुट स्तर पर नहीं, बल्कि लगातार निगरानी और जांच के साथ होनी चाहिए। यदि शिकायतों में तथ्य पाए जाते हैं तो संबंधित लोगों पर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए और क्षेत्र में नशीले पदार्थों की उपलब्धता पर प्रभावी रोक लगाई जाए। फिलहाल Corex, गांजा और Nitrosun की कथित बिक्री को लेकर उठ रहे सवालों के बीच स्थानीय नागरिक पुलिस प्रशासन की जांच और कार्रवाई का इंतजार कर रहे हैं।
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