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उत्तर प्रदेश: कांवड़ यात्रा की सुरक्षा के लिए 70 हजार से अधिक पुलिसकर्मी होंगे तैनात, CCTV और ड्रोन से होगी कड़ी निगरानी

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उत्तर प्रदेश  Published by: Anand Kumar (UP) , उत्तर प्रदेश  Edited By: Kunal Tewatia, Date: 16/07/2026 10:52:44 am Share:
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  • Published by.: Anand Kumar (UP) ,
  • Edited By.: Kunal Tewatia,
  • Date:
  • 16/07/2026 10:52:44 am
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संक्षेप

उत्तर प्रदेश: कांवड़ यात्रा को सकुशल संपन्न करा ने के लिए इस वर्ष 70 हजार से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात करने की तैयारी है. आगामी 30 जुलाई से 11 अगस्त तक आयोजित होने वाली कांवड़ यात्रा की सुरक्षा के लिए डीजीपी राजीव

विस्तार

उत्तर प्रदेश: कांवड़ यात्रा को सकुशल संपन्न करा ने के लिए इस वर्ष 70 हजार से अधिक पुलिसकर्मियों को तैनात करने की तैयारी है. आगामी 30 जुलाई से 11 अगस्त तक आयोजित होने वाली कांवड़ यात्रा की सुरक्षा के लिए डीजीपी राजीव कृष्ण ने अधिकारियों के साथ मंथन किया  और अहम निर्देश दिए. बीते वर्ष की तरह इस बार भी यात्रा मार्ग पर हजारों सीसीटीवी के साथ ड्रोन के जरिए भी निगरानी रखी जाएगी. खासकर संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक पुख्ता इंतजाम किया जाएगा. बता दें कि बीते वर्ष कांवड़ यात्रा के लिए करीब 66 हजार पुलिसकर्मी तैनात किए गए थे. यात्रा में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के लाखों श्रद्धालु प्रमुख शिव मंदिरों में जाकर जलाभिषेक करते हैं. डीजीपी ने बीते वर्षों यात्रा के दौरान हुए विवादों की फेहरिस्त कर पूर्व से एहतियाती उपाय करने का निर्देश भी दिया है। 

इसके अलावा जीआरपी और यातायात निदेशालय को भी समय पर तैयारियां पूरी करने को कहा है. इसके लिए उन्हें अतिरिक्त पुलिस बल भी मुहैया कराया जाएगा. वहीं मुख्यमंत्री के निर्देश पर डीजे की ऊंचाई, मानकों से अधिक ध्वनि,अराजकता और भड़काऊ गानों पर सख्ती से प्रतिबंध लगाने को कहा है. वहीं यातायात निदेशालय भी प्रमुख यात्रा मार्गो पर डायवर्सन की कार्ययोजना पर काम कर रहा है. इस संबंध में उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के अधिकारियों की बैठक भी आयोजित हो चुकी है. इस बार विधानसभा चुनाव नजदीक होने की वजह से कांवड़ यात्रा को लेकर विशेष सतर्कता बरती जा रही है ताकि अराजक तत्व कोई गड़बड़ी नहीं फैला सकें. इसके लिए केंद्र और राज्य की खुफिया और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं. खासकर पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मुस्लिम बाहुल्य इलाकों पर पैनी नजर रखी जा रही है। 


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