-
☰
No image found.
उत्तर प्रदेश: सियार के हमले में 30 लोग घायल, चार गांवों में दहशत
- Photo by : social media
संक्षेप
उत्तर प्रदेश: दुधारा थाना क्षेत्र के चार गांवों में मंगलवार शाम एक सियार के हमले से दहशत फैल गई। ग्रामीणों के अनुसार, सियार ने परसादपुर, उंचहराकला, सफियाबाद और महुआरी में करीब 30 लोगों को काटकर घायल कर दिया
विस्तार
उत्तर प्रदेश: दुधारा थाना क्षेत्र के चार गांवों में मंगलवार शाम एक सियार के हमले से दहशत फैल गई। ग्रामीणों के अनुसार, सियार ने परसादपुर, उंचहराकला, सफियाबाद और महुआरी में करीब 30 लोगों को काटकर घायल कर दिया। एक साथ बड़ी संख्या में घायल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) सेमरियावां पहुंचे, जहां उनका उपचार किया गया। घटना के बाद ग्रामीणों ने वन विभाग से सियार को पकड़ने की मांग की है।ग्रामीणों के मुताबिक, मंगलवार शाम करीब साढ़े छह बजे एक सियार अचानक परसादपुर गांव में पहुंच गया। लोगों को संभलने का मौका मिले, इससे पहले ही उसने हमला शुरू कर दिया। हमले में कई लोगों के हाथ-पैर समेत शरीर के अन्य हिस्सों में चोटें आईं। एक के बाद दूसरे गांव में पहुंचा सियार ग्रामीणों का कहना है कि परसादपुर में हमला करने के बाद सियार आसपास के उंचहराकला, सफियाबाद और महुआरी गांवों की ओर चला गया। इन गांवों में भी उसने कई लोगों पर हमला कर घायल कर दिया। घायलों में मोहम्मद हम्माद, ओबैद अहमद, अजय कुमार, बैजनाथ, आशिया खातून और नायरा समेत करीब 30 लोग शामिल बताए गए हैं। घटना की जानकारी आसपास के गांवों में फैलते ही ग्रामीणों में दहशत का माहौल बन गया। लोग अकेले घर से बाहर निकलने से बचते रहे। शाम के बाद ग्रामीणों ने विशेष सतर्कता बरती और एक-दूसरे को सियार के बारे में जानकारी देते रहे। सीएचसी में कराया गया उपचार सियार के हमले में घायल लोग उपचार के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सेमरियावां पहुंचे। स्वास्थ्य केंद्र पर चिकित्सकों और स्वास्थ्यकर्मियों ने घायलों का उपचार किया और आवश्यक चिकित्सकीय सलाह दी। महुआरी में सात-आठ लोगों के घायल होने का दावा महुआरी के प्रधान प्रतिनिधि मोहम्मद शफीक ने बताया कि मंगलवार देर शाम सियार ने गांव में करीब सात से आठ लोगों को काटकर घायल किया है। इसकी सूचना वन विभाग के साथ ही ब्लॉक कर्मियों को भी दी गई है। उन्होंने बताया कि गांव में लोगों को सतर्क रहने के लिए कहा जा रहा है।
ग्रामीणों ने बताया कि सियार के हमले की जानकारी वन विभाग और स्थानीय स्तर पर संबंधित अधिकारियों को दी गई है। लोगों का कहना है कि जब तक सियार पकड़ा नहीं जाता, तब तक गांवों में भय बना रहेगा।
वन विभाग को जानकारी नहीं मिलने की बात डीएफओ हरिकेश नारायण ने कहा कि उन्हें मामले की जानकारी नहीं है। यदि ऐसी घटना हुई है तो क्षेत्र के वनकर्मियों को सूचना देकर सियार को पकड़ने की व्यवस्था कराई जाएगी। उन्होंने प्रभावित गांवों के लोगों से विशेष सतर्कता बरतने और सियार दिखाई देने पर तत्काल स्थानीय वन टीम को सूचना देने की अपील की। ग्रामीणों ने की तत्काल कार्रवाई की मांग ग्रामीण अनीस अहमद, हफीजुर्रहमान और मोहम्मद शफीक का कहना है कि सियार को जल्द नहीं पकड़ा गया तो वह दोबारा लोगों पर हमला कर सकता है। ग्रामीणों ने वन विभाग और स्थानीय प्रशासन से प्रभावित गांवों में निगरानी बढ़ाने, लोगों को सतर्क करने और सियार को पकड़ने के लिए तत्काल अभियान चलाने की मांग की है।
