Contact for Advertisement 9650503773


बिहार: चौकीदार की चाकू गोदकर की हत्या, शराब माफिया पर लगे आरोप

- Photo by : social media

बिहार  Published by: Dinesh Kumar Gupta , बिहार  Edited By: Namita Chauhan, Date: 12/05/2026 11:55:24 am Share:
  • बिहार
  • Published by.: Dinesh Kumar Gupta ,
  • Edited By.: Namita Chauhan,
  • Date:
  • 12/05/2026 11:55:24 am
Share:

संक्षेप

बिहार: के नवादा जिले में कानून-व्यवस्था को शर्मसार करने वाली वारदात सामने आई है।

विस्तार

बिहार: के नवादा जिले में कानून-व्यवस्था को शर्मसार करने वाली वारदात सामने आई है। धमौल थाना के ठीक सामने शराब माफिया ने चौकीदार जितेंद्र पासवान की चाकू गोदकर हत्या कर दी। पटना में इलाज के दौरान सोमवार को उनकी मौत हो गई। इस घटना ने "सम्राट सरकार" के सुशासन के दावों पर सवाल खड़े कर दिए हैं। 

 

कैसे हुई वारदात ?


10 मई 2026 रात 8:15 बजे धमौल थाना में पदस्थापित चौकीदार जितेंद्र पासवान, चौकीदार संख्या 7/1, निवासी तुर्कबन, थाने के सामने ड्यूटी पर थे। तभी घात लगाए बदमाशों ने उन्हें घेरकर पेट में कई बार चाकू घोंप दिया। लहूलुहान चौकीदार को पहले पकरीबरावां CHC, फिर पावापुरी और अंत में पटना रेफर किया गया, जहां इलाज के दौरान मौत हो गई। b250d2a6

शराब माफिया का कनेक्शन

मृतक चौकीदार ने मरने से पहले पकरीबरावां थाना प्रभारी को दिए बयान में बताया कि *रामपत यादव, पुत्र आनंदी यादव, निवासी तुर्कबन* इलाके का बड़ा शराब माफिया है। जितेंद्र लगातार शराब कारोबार की सूचना पुलिस को देते थे, जिससे नाराज रामपत ने पहले भी धमकी दी थी और हमला किया था। 6 महीने पहले भी धमकी दी गई थी। धमौल थाना में लिखित शिकायत दी थी। अगर तब कार्रवाई होती तो आज मेरे पति जिंदा होते। 

पुलिस का बयान

SP अभिनव धीमान ने कहा - प्रथम दृष्टया आपसी विवाद का मामला लगता है। होली पर दोनों पक्षों में मारपीट हुई थी, जमीन विवाद भी चल रहा था। शराब की सूचना देने की वजह से हत्या हुई। रामपत यादव का दबदबा है, पुलिस भी कार्रवाई से डरती है।  नवादा में 12 घंटे के अंदर ये दूसरी वारदात है। इससे पहले कादिरगंज में अवैध बालू रोकने पर चौकीदार रामनंदन प्रसाद को बालू माफियाओं ने लाठी-डंडों से पीटा था। सवाल उठ रहा है - क्या बिहार में पुलिस का डर खत्म हो गया है? 

जनता में आक्रोश

घटना के बाद पूरे पकरीबरावां में सनसनी है। लोगों का कहना है - अपराधियों के भीतर अब पुलिस का भय समाप्त हो गया है। शराब, बालू माफिया और दबंगई के गठजोड़ ने कानून को खुली चुनौती दे दी है। SP ने SIT गठित कर दी है। गांव में अतिरिक्त बल तैनात है। मुख्य आरोपी रामपत यादव की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है, लेकिन अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई है।