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उत्तर प्रदेश: शिक्षक पर लापरवाही और धमकी के आरोप, ग्रामीणों ने निष्पक्ष जांच की मांग उठाई

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उत्तर प्रदेश  Published by: Arvind Kumar , उत्तर प्रदेश  Edited By: Shubhi Shikha Nayal, Date: 11/08/2026 11:18:06 am Share:
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  • Published by.: Arvind Kumar ,
  • Edited By.: Shubhi Shikha Nayal,
  • Date:
  • 11/08/2026 11:18:06 am
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संक्षेप

उत्तर प्रदेश: फिरोजाबाद जिले के ग्राम पंचायत मई गदोखर, ब्लॉक मदनपुर, तहसील सिरसागंज और थाना नागला खंगर क्षेत्र में एक शिक्षक के खिलाफ शिकायत सामने आई है।

विस्तार

उत्तर प्रदेश: फिरोजाबाद जिले के ग्राम पंचायत मई गदोखर, ब्लॉक मदनपुर, तहसील सिरसागंज और थाना नागला खंगर क्षेत्र में एक शिक्षक के खिलाफ शिकायत सामने आई है। ग्रामीणों ने शिक्षक पर विद्यालय में नियमित रूप से शिक्षण कार्य नहीं करने और शिकायत करने वालों को कथित रूप से धमकी देने के आरोप लगाए हैं। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग से मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है। शिकायतकर्ताओं के अनुसार, संजीव कुमार, जिनकी माता ग्राम प्रधान बताई जा रही हैं, तथा प्रबल प्रताप, पुत्र सुरेश बाबू, नगला जोड़े स्थित कंपोजिट विद्यालय में शिक्षक के पद पर कार्यरत हैं। आरोप लगाया गया है कि संबंधित शिक्षक नियमित रूप से विद्यालय में शिक्षण कार्य नहीं करते और केवल उपस्थिति दर्ज कराकर वापस चले जाते हैं। ग्रामीणों का दावा है कि विद्यालय में उनकी उपस्थिति और शिक्षण कार्य को लेकर लंबे समय से सवाल उठाए जा रहे हैं।

शिकायतकर्ताओं का कहना है कि पिछले करीब एक वर्ष से संबंधित अधिकारियों के समक्ष कई बार शिकायतें की जा चुकी हैं। इसके बावजूद अब तक मामले में कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने का आरोप लगाया गया है। ग्रामीणों ने यह भी दावा किया कि पूर्व में हुई शिकायतों की जांच निष्पक्ष तरीके से नहीं की गई, जिसके चलते समस्या का समाधान नहीं हो सका। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि शिकायत करने वाले लोगों को कथित तौर पर जान से मारने की धमकियां भी दी जाती हैं। इन आरोपों के चलते गांव में भय का माहौल होने की बात शिकायतकर्ताओं ने कही है। ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए शिकायतों की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि विद्यालय में बच्चों की शिक्षा से जुड़ा मामला होने के कारण इसकी जांच प्राथमिकता के आधार पर होनी चाहिए। ग्रामीणों ने शिक्षा विभाग से विद्यालय में शिक्षक की उपस्थिति, शिक्षण कार्य और अन्य संबंधित अभिलेखों की जांच कराने की मांग की है। साथ ही धमकी के आरोपों की भी जांच कर आवश्यक कार्रवाई किए जाने की मांग उठाई गई है। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग से उच्चस्तरीय जांच टीम गठित करने, विद्यालय की वास्तविक स्थिति की जांच करने और जांच में आरोप सही पाए जाने पर संबंधित लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई करने की मांग की है। मामले को लेकर संबंधित शिक्षक, ग्राम प्रधान पक्ष और प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया अभी सामने नहीं आई है। ऐसे में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। यह खबर शिकायतकर्ताओं द्वारा लगाए गए आरोपों पर आधारित है। संबंधित पक्ष का बयान या प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया प्राप्त होने पर उसे भी खबर में शामिल किया जाएगा।