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उत्तर प्रदेश: बरेली में देह व्यापार गिरोह का भंडाफोड़, नाबालिग को बनाया जाता था शिकार; महिला सरगना समेत 4 गिरफ्तार
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संक्षेप
उत्तर प्रदेश: होटलों में चल रहा था देह व्यापार, नाबालिग को बनाते थे शिकार; पुलिस ने सरगना समेत चार को दबोचा होटलों में चल रहा था देह व्यापार, नाबालिग को बनाते थे शिकार; पुलिस ने सरगना समेत चार को दबोचा बरेली में बारादरी पुलिस ने देह व्यापार के एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए
विस्तार
उत्तर प्रदेश: होटलों में चल रहा था देह व्यापार, नाबालिग को बनाते थे शिकार; पुलिस ने सरगना समेत चार को दबोचा होटलों में चल रहा था देह व्यापार, नाबालिग को बनाते थे शिकार; पुलिस ने सरगना समेत चार को दबोचा बरेली में बारादरी पुलिस ने देह व्यापार के एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए महिला सरगना सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 15 वर्षीय किशोरी को मुक्त कराया है। जांच में सामने आया कि गिरोह नाबालिग लड़कियों को खरीदकर शहर के विभिन्न होटलों में ग्राहकों के पास भेजता था। पुलिस ने आरोपियों के पास से बिना नंबर प्लेट की स्कूटी, फर्जी आधार कार्ड और तीन मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। इस मामले में पुलिस ने बीएनएस, पॉक्सो एक्ट और अनैतिक व्यापार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर आरोपियों को जेल भेज दिया है। स्टेशन पर मिला झांसा, वाराणसी से लाकर बरेली में बेच दी गई। किशोरी एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि पीड़िता वाराणसी के चौबेपुर क्षेत्र की रहने वाली है। जनवरी 2026 के पहले सप्ताह में घर वालों की डांट से नाराज होकर वह घर से निकल गई थी। वाराणसी रेलवे स्टेशन पर उसकी मुलाकात रिया नाम की महिला से हुई। जिसने उसे अपने पास रखा। बाद में वह उसे बरेली ले आई और यहां गिरोह की सरगना बबली खान उर्फ नेहा यादव को बेच दिया। इसके बाद किशोरी को देह व्यापार में धकेल दिया गया। शहर के कई होटलों तक फैला था गिरोह का नेटवर्क पुलिस जांच में पता चला कि चनेहटी और लाल फाटक क्षेत्र से गिरोह का संचालन किया जा रहा था। सरगना बबली और उसकी सहयोगी जसलीन कौर शहर के कई होटलों से संपर्क में थीं। ग्राहकों को होटल में बुलाया जाता था और बाद में किशोरी को वहां भेजा जाता था। आरोपी उसे अपने घर में बंद रखकर निगरानी में रखते थे और स्कूटी से होटल तक ले जाते थे, ताकि वह भाग न सके। नाबालिग को बालिग दिखाने के लिए बनवाया फर्जी आधार गिरोह ने पुलिस से बचने के लिए किशोरी के दस्तावेजों में भी हेरफेर कराया। जन सेवा केंद्र संचालक की मदद से आधार कार्ड में जन्मतिथि बदल दी गई। असली जन्म वर्ष 2011 की जगह 2007 दर्ज कराकर उसे बालिग दिखाया गया, ताकि होटल में कमरा लेने और ग्राहकों के सामने पेश करने में कोई परेशानी न हो। टॉयलेट का बहाना बनाकर होटल से भागी, पहुंची थाने पीड़िता ने पुलिस को बताया कि उसने कई बार भागने की कोशिश की, लेकिन गिरोह के लोग लगातार निगरानी करते थे। 13 मार्च की रात वह होटल में टॉयलेट जाने का बहाना बनाकर बाहर निकली और सीधे बारादरी थाने पहुंच गई। वहां उसने पुलिस को पूरी घटना बताई। सूचना मिलते ही पुलिस ने दबिश देकर चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। ये आरोपी भेजे गए जेल। पुलिस ने इस मामले में चनेहटी निवासी 40 वर्षीय बबली पत्नी खलील खान, फरीदपुर के कुइयांखेड़ा निवासी 29 वर्षीय विनोद यादव, बिजनौर के अफजलगढ़ थाना क्षेत्र के कल्लूवाला निवासी 36 वर्षीय जसलीन कौर और नेपाल निवासी 34 वर्षीय दुर्गालावती को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। कार्रवाई करने वाली पुलिस टीम इस कार्रवाई में बारादरी इंस्पेक्टर धनं।
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